उत्तराखण्ड की लोक विरासत: संस्कृति, लोकजीवन, नृत्य और पहाड़ी परंपराएँ
उत्तराखण्ड को केवल हिमालय, नदियों और देवालयों की धरती कहना इसकी पहचान को सीमित कर देना होगा। इस पहाड़ी प्रदेश की असली खूबसूरती उसकी लोक विरासत में बसती है—जहाँ गीतों में इतिहास है, नृत्य में परंपरा है, त्योहारों में सामूहिकता है और खान-पान में पहाड़ की मिट्टी की खुशबू। गढ़वाल और कुमाऊँ की भौगोलिक विविधता […]




